गरियाबंद(वीएनएस)। राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (चिरायु) अंतर्गत जिले में कार्यरत चिरायु दलों ने विभिन्न कैटेगरी अंतर्गत चिन्हांकित शून्य से 18 वर्ष के बच्चों के स्वास्थ्य परीक्षण एवं उपचार के लिए आयुष्मान भारत में अनुबंधित एनएच एमएमआई रायपुर (निजी चिकित्सालय) के विशेषज्ञ चिकित्सकों ने उपचार किया। इन चिकित्सकों में डॉ. किंजल बख्शी एवं जिला स्तर के विशेषज्ञ चिकित्सक, डॉ. गजेन्द्र ध्रुव हड्डी रोग विशेषज्ञ, डॉ. टी.सी. पात्रे नेत्र रोग विशेषज्ञ, डॉ. स्नेहलता हुमने शिशु रोग विशेषज्ञ, डॉ. ए. के. हुमने कान, नाक, गला रोग विशेषज्ञ एवं डॉ. हरीश चौहान जनरल सर्जन, डॉ. राजेन्द्र बिनकर एम.डी शिशु रोग विशेषज्ञ, डॉ. चेतन नाग दंत चिकित्सक ने 8 जून को जिला चिकित्सालय गरियाबंद में 32 बच्चों के स्वास्थ्य परीक्षण व उपचार किया। सीएमएचओ डॉ एन.आर. नवरत्न ने बताया कि उक्त मेगा कैम्प में 0 से 18 वर्ष के ऑगनबाड़ी, स्कूल में पंजीकृत बच्चें जिनमें न्यूरल मोटर डिस्आर्डर के 03 मरीज, हृदय रोग के 10 मरीज, पैर की विकृति के 02 मरीज, श्रवण बाधित के 1 मरीज, अतिकुपोषित बच्चें के 13 मरीज एवं अन्य बीमारियों के 3 मरीजों का परीक्षण एवं उपचार तथा उच्च संस्था में जॉच व ऑपरेशन हेतु चिन्हांकित किया गया। कैम्प में सिविल सर्जन डॉ.जी.एल. टंडन, जिला कार्यक्रम प्रबंधक डॉ. रीना लक्ष्मी एवं स्वास्थ्य विभाग के समस्त सलाहकार, जिला अस्पताल के स्टॉफ एवं विकासखण्ड के आरबीएसके टीम के स्टॉफ का विशेष योगदान रहा।