सारंगढ़–बिलाईगढ़ (वीएनएस)। सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत आदिम जाति एवं अनुसूचित जाति विकास विभाग द्वारा विकासखंड बिलाईगढ़ के प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम पण्ड्रीपाली में 8 अक्टूबर को ‘एक गांव गोद’ पहल के तहत अस्पृश्यता निवारणार्थ सद्भावना शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में विभिन्न समाजों के प्रमुखों, जनप्रतिनिधियों, ग्रामीणों एवं छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर सामाजिक समरसता, समानता और आपसी भाईचारे का संदेश दिया। कार्यक्रम के समापन पर सभी वर्गों के लोगों ने एक साथ बैठकर सद्भावना भोज ग्रहण किया और सामाजिक एकता की मिसाल प्रस्तुत की।
कार्यक्रम का शुभारंभ विधायक श्रीमती कविता प्राण लहरे, पूर्व विधायक सनम जांगड़े, कलेक्टर श्रीमती पद्मिनी भोई साहू, पुलिस अधीक्षक सुनील शर्मा सहित अन्य अतिथियों ने संत शिरोमणि बाबा गुरु घासीदास, महात्मा गांधी, डॉ. भीमराव अंबेडकर एवं छत्तीसगढ़ महतारी के चित्रों पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलन कर किया। इस अवसर पर छात्रावासी बच्चों ने स्वागत गीत प्रस्तुत किया।
सामाजिक कुरीतियों को दूर कर एकता और भाईचारा बढ़ाने का आह्वान
शिविर में कलेक्टर श्रीमती पद्मिनी भोई साहू एवं जनप्रतिनिधियों ने सामाजिक भेदभाव, छुआछूत और कुरीतियों को दूर करने पर जोर देते हुए कहा कि समाज की वास्तविक प्रगति आपसी सद्भाव, समानता और एकजुटता से ही संभव है। उन्होंने सभी वर्गों से सामाजिक समरसता के मूल्यों को अपने दैनिक जीवन में अपनाने तथा मिलजुलकर गांव और समाज के विकास में योगदान देने का आह्वान किया।
नागरिक अधिकार संरक्षण अधिनियम 1955 तथा अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम 1989 के प्रावधानों के अंतर्गत आयोजित शिविर में सामाजिक समानता और नागरिक अधिकारों के प्रति जागरूकता का संदेश दिया गया।
ग्रामीणों ने रखीं मूलभूत सुविधाओं से जुड़ी मांगें
कार्यक्रम के दौरान पण्ड्रीपाली के ग्रामीणों ने कुएं की मरम्मत, प्राथमिक शाला भवन, नल-जल योजना, नलकूप, 11 केवी विद्युत व्यवस्था से संबंधित ट्रांसफार्मर की स्थापना तथा 300 मीटर नाली निर्माण सहित विभिन्न मांगें रखीं। इसके अलावा दो महिलाओं के लिए प्रधानमंत्री आवास, एक दिव्यांग बच्चे के उपचार एवं शिक्षा संबंधी सुविधाएं उपलब्ध कराने का आग्रह किया गया।
शिविर में स्कूली एवं छात्रावासी बच्चों के लिए निबंध, भाषण, रंगोली, चित्रकला, गायन और लोकनृत्य प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। ‘मोर धरती दाई के अचरा’ छत्तीसगढ़ी लोक कला मंच पण्डरीपानी तथा छात्र-छात्राओं की सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम में उत्साह का संचार किया। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को पुरस्कार एवं प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। अतिथियों का शॉल एवं श्रीफल भेंटकर अभिनंदन किया गया।
कार्यक्रम में पूर्व विधायक सनम जांगड़े, वेदराम जांगड़े, सुभाष जालान, दुर्गेश केशरवानी, घनश्याम चंद्रा, अलगराम साहू, श्याम साहू, पुरुषोत्तम बंजारे, धीरज दीक्षित, जिला पंचायत सदस्य श्रीमती शिवकुमारी साहू, ग्राम पंचायत पण्ड्रीपाली की सरपंच श्रीमती पुष्पा गोविंद बंजारे सहित विभिन्न समाजों के प्रमुख, गणमान्य नागरिक एवं ग्रामीण उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के अंत में सहायक आयुक्त आदिवासी विकास विभाग बद्रीश सुखदेवे ने सभी अतिथियों, जनप्रतिनिधियों, ग्रामीणों एवं छात्र-छात्राओं के प्रति आभार व्यक्त किया।
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