गुरुवार 11 सितंबर 2025 को भाद्रपद माह के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि होगी। इस तिथि पर अश्विनी नक्षत्र और ध्रुव योग का संयोग बन रहा है। दिन के शुभ मुहूर्त की बात करें तो गुरुवार को अभिजीत मुहूर्त 11:49 − 12:38 मिनट तक रहेगा। राहुकाल दोपहर 13:46 − 15:18 मिनट तक रहेगा। चंद्रमा मेष राशि में संचरण करेंगे।
हिंदू पंचांग को वैदिक पंचांग के नाम से जाना जाता है। पंचांग के माध्यम से समय और काल की सटीक गणना की जाती है। पंचांग मुख्य रूप से पांच अंगों से मिलकर बना होता है। ये पांच अंग तिथि, नक्षत्र, वार, योग और करण है। यहां हम दैनिक पंचांग में आपको शुभ मुहूर्त, राहुकाल, सूर्योदय और सूर्यास्त का समय, तिथि, करण, नक्षत्र, सूर्य और चंद्र ग्रह की स्थिति, हिंदूमास और पक्ष आदि की जानकारी देते हैं।
तिथि चतुर्थी 12:46 तक
नक्षत्र अश्विनी 13:58 तक
प्रथम करण बालवा 12:46 तक
द्वितीय करण कौवाला 23:21 तक
पक्ष कृष्ण
वार गुरुवार
योग ध्रुव 17:01 तक
सूर्योदय 06:04
सूर्यास्त 18:23
चंद्रमा मेष
राहुकाल 13:46 − 15:18
विक्रमी संवत् 2082
शक संवत 1947 विश्वावसु
मास भाद्रपद
शुभ मुहूर्त अभिजीत 11:49 − 12:38
25 मई, सोमवार को ज्येष्ठ माह (अधिकमास) के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि है। इस तिथि पर देशभर में गंगा दशहरा का पर्व मनाया जाएगा। इस तिथि पर उत्तर फाल्गुन...
24 मई, रविवार को ज्येष्ठ माह (अधिकमास) के शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि है। इस तिथि पर पूर्व फाल्गुनी नक्षत्र और हरषाना योग का संयोग रहेगा। इस तिथि पर च...
23 मई, शनिवार को ज्येष्ठ माह (अधिकमास) के शुक्ल पक्ष की अष्टमी तिथि है। इस तिथि पर मघा नक्षत्र और ध्रुव योग का संयोग रहेगा। इस तिथि पर चंद्रमा का ग...
22 मई, शुक्रवार को ज्येष्ठ माह (अधिकमास) के शुक्ल पक्ष की षष्ठी तिथि है। इस तिथि पर आश्लेषा नक्षत्र और वृद्धि योग का संयोग रहेगा। इस तिथि पर चंद्रम...
21 मई, गुरुवार को ज्येष्ठ माह (अधिकमास) के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि है। पंचमी तिथि पर पुष्य नक्षत्र और गांदा योग का संयोग रहेगा। इस तिथि पर चंद्रमा...
20 मई 2026, बुधवार को ज्येष्ठ शुक्ल चतुर्थी तिथि का शुभ संयोग बन रहा है। इस दिन पुनर्वसु नक्षत्र और शूल योग भी रहेगा।