सारंगढ़-बिलाईगढ़ (वीएनएस)। जिले के सरकारी अस्पताल में उस समय हड़कंप मच गया जब अस्पताल के वाटर कूलर में दो मरी हुई छिपकलियां मिलने का मामला सामने आया। घटना के बाद स्वास्थ्य विभाग और अस्पताल प्रबंधन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
जानकारी के अनुसार, जिस वाटर कूलर का पानी मरीजों और उनके परिजनों के उपयोग में आ रहा था, उसी में छिपकलियां मरी हुई पाई गईं। इस खुलासे के बाद अस्पताल परिसर में आक्रोश फैल गया और लोगों ने सफाई व्यवस्था पर नाराजगी जताई।
NSUI और युवा कांग्रेस का प्रदर्शन
घटना की जानकारी मिलते ही एनएसयूआई और युवा कांग्रेस के कार्यकर्ता अस्पताल पहुंचे और परिसर में धरने पर बैठकर प्रबंधन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। उन्होंने अस्पताल की साफ-सफाई और लापरवाही को लेकर कार्रवाई की मांग की।
प्रशासन ने संभाली स्थिति
मामले की गंभीरता को देखते हुए तहसीलदार की टीम मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। तत्काल वाटर कूलर की सफाई करवाई गई और नया पानी भरवाया गया।
स्वास्थ्य पर खतरे की आशंका
विशेषज्ञों के अनुसार, किसी पानी या भोजन में छिपकली के मरने से वह जहरीला हो सकता है, जिससे उल्टी, दस्त और अन्य स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं। ऐसे में मरीजों और उनके परिजनों के स्वास्थ्य को लेकर चिंता बढ़ गई है।
सफाई व्यवस्था पर उठे सवाल
यह घटना अस्पताल की साफ-सफाई और निगरानी व्यवस्था पर सवाल खड़े करती है। लोगों का कहना है कि अस्पताल का ढांचा भले बेहतर हो, लेकिन साफ-सफाई में लापरवाही लगातार सामने आ रही है।
फिलहाल, प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच और सुधार के निर्देश दिए हैं।
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