गौरेला-पेंड्रा-मरवाही (वीएनएस)। जिले में पंचायत सचिव किशन राठौर पर 15वें वित्त आयोग की राशि में अनियमितता और सरपंच के अधिकारों का अतिक्रमण करने के आरोप लगे हैं। शिकायत के अनुसार तराईगांव और सेमरा पंचायत में पदस्थ सचिव ने पिपरखुंटी ग्राम पंचायत के कार्यों में हस्तक्षेप करते हुए कथित तौर पर डिजिटल हस्ताक्षर का दुरुपयोग कर करीब 17.26 लाख रुपये की राशि निकाली। जिला पंचायत कार्यालय के पत्रों में मामले का उल्लेख होने के बाद प्रकरण चर्चा में आ गया है। आरोप है कि विकास कार्यों के लिए मिली राशि के उपयोग में गड़बड़ी हुई है, जिसकी जांच की मांग की जा रही है।
इसी बीच भड़रापारा निवासी अमन साहू ने सचिव सहित अन्य लोगों पर मारपीट का आरोप लगाया है। शिकायत के मुताबिक 20 अप्रैल 2026 को पैतृक भूमि विवाद के दौरान उनके साथ मारपीट की गई, जिससे उन्हें चोटें आईं। पेंड्रा पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि वित्तीय अनियमितता और मारपीट दोनों मामलों की निष्पक्ष जांच की जाएगी।
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