नई दिल्ली (वीएनएस)। एफसीआरए संशोधन विधेयक को जेपीसी के पास भेजने की सहमति बन गई है। बिल को जेपीसी के पास भेजने का प्रस्ताव लोकसभा में केंद्रीय राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने पेश किया, जो पारित हो गया। प्रस्तावित जेपीसी (जॉइंट पार्लियामेंट्री कमेटी) में कुल 31 सदस्य होंगे, जिनमें से 21 सदस्य लोकसभा से और 10 सदस्य राज्यसभा से होंगे।
प्रस्ताव में कहा गया कि विदेशी अंशदान विनियमन संशोधन विधेयक 2026 को सदनों की एक संयुक्त समिति को भेजा जाए, जिसमें लोकसभा के माननीय अध्यक्ष द्वारा मनोनीत इस सदन के 21 सदस्य और राज्यसभा के माननीय सभापति द्वारा मनोनीत 10 सदस्य होंगे। समिति को विधायी प्रावधानों की गहन जांच करने का काम सौंपा गया है और समिति को 2026 के शीतकालीन सत्र के पहले सप्ताह के अंतिम दिन तक संसद को अपनी रिपोर्ट देनी होगी।
टाटा ग्रुप के साथ चार दशक पूरे कर चुके एन चंद्रशेखरन ने बुधवार को समूह के प्रमुख के रूप में अपने कार्यकाल को एक बड़ा सम्मान और एक गहरी जिम्मेदारी ब...
विपक्षी सांसदों ने बुधवार को विदेशी अंशदान (विनियमन) अधिनियम (एफसीआरए) को संयुक्त संसदीय समिति (जेपीसी) के पास भेजने का समर्थन किया है।
कांग्रेस सांसद पी. चिदंबरम ने बुधवार को कहा कि लोकसभा की सीटों को 543 पर स्थिर कर देना चाहिए, अन्यथा यह चीन की संसद की तरह हो जाएगी।
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने बुधवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर निशाना साधते हुए छात्रों के खिलाफ पुलिस कार्रवाई को लेकर केंद्र ...
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने साफ तौर पर कहा है कि वे गुरुवार को सदन में विपक्ष के एक-एक सवाल का जवाब देंगे। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार संसद में ...