महासमुंद (वीएनएस)। परंपरागत खेती के साथ यदि किसान आधुनिक कृषि तकनीकों और उन्नत किस्मों को अपनाएं, तो कम क्षेत्र में भी उत्पादन और आमदनी को बढ़ाया जा सकता है। इसी तरह उद्यानिकी फसल के अंगीकरण के बाद ग्राफ्टेड बैंगन की खेती किसान सुरेन्द्र के लिए अच्छी उत्पादन और अतिरिक्त आय का माध्यम बना।
किसान सुरेंद्र बताते हैं कि कृषि की उन्नत तकनीक को अपनाने व नई पद्धति की जानकारी प्राप्त करने के लिए उद्यानिकी विभाग के अधिकारियों के संपर्क में रहते हैं। जिसके माध्यम से उन्हें राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत वर्ष 2025-26 में ग्राफ्टेड बैंगन फसल के लिए 30 हजार रुपए का अनुदान प्राप्त हुआ। वे बताते हैं कि ग्राफ्टेड बैंगन की खेती से उन्हें कुल 144 क्विंटल बैंगन का उत्पादन मिला। उत्पादित बैंगन को बाजार मूल्य में बेचने पर उन्हें 2 लाख 39 हजार रुपए का शुद्ध लाभ प्राप्त हुआ। उत्पादन और बाजार मूल्य ने किसान सुरेंद्र को पारंपरिक खेती की तुलना में बेहतर आर्थिक परिणाम दिया। इससे अन्य किसान भी उन्नत तकनीक अपनाकर पारंपरिक खेती से आगे बढ़ने और अपनी आय बढ़ाने के लिए प्रेरित हो रहे हैं।
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