एमसीबी (वीएनएस)। राज्य मंत्रिपरिषद द्वारा महिलाओं के नाम पर होने वाले भूमि रजिस्ट्रेशन शुल्क में 50 प्रतिशत की कमी करने के ऐतिहासिक निर्णय का जिले सहित पूरे प्रदेश में व्यापक स्वागत किया जा रहा है। सरकार का यह कदम महिलाओं को संपत्ति अर्जन के लिए प्रोत्साहित करने के साथ-साथ उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।
सरकार का मानना है कि इस निर्णय से अधिक से अधिक महिलाएं अपने नाम पर जमीन एवं मकान खरीदने के लिए आगे आएंगी, जिससे न केवल उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत होगी, बल्कि परिवार और समाज में उनकी भागीदारी भी बढ़ेगी। यह पहल महिला सशक्तिकरण को नई दिशा देने वाली साबित हो सकती है। इसी क्रम में मनेन्द्रगढ़ विकासखंड की निवासी जयंती शुक्ला ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय द्वारा लिए गए इस फैसले की सराहना करते हुए इसे महिलाओं के हित में उठाया गया सराहनीय कदम बताया है। उन्होंने कहा कि इस तरह के निर्णय से महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने का अवसर मिलेगा और वे समाज में अपनी मजबूत पहचान बना सकेंगी।
जयंती शुक्ला ने आगे कहा कि हमारे मुख्यमंत्री जी लगातार महिला सशक्तिकरण के लिए कार्य कर रहे हैं। उनके नेतृत्व में प्रदेश में महिलाओं के उत्थान के लिए कई योजनाएं संचालित की जा रही हैं, जिनका लाभ महिलाओं को सीधे तौर पर मिल रहा है। उन्होंने इस महत्वपूर्ण निर्णय के लिए मुख्यमंत्री जी के प्रति आभार व्यक्त करते हुए धन्यवाद भी दिया। उल्लेखनीय है कि इस निर्णय के चलते राज्य सरकार को लगभग 153 करोड़ रुपये के राजस्व की कमी होने का अनुमान है, लेकिन इसके बावजूद सरकार ने महिला सशक्तिकरण को प्राथमिकता देते हुए यह महत्वपूर्ण फैसला लिया है। विशेषज्ञों का मानना है कि इससे महिलाओं में संपत्ति के प्रति स्वामित्व की भावना बढ़ेगी और वे आर्थिक रूप से अधिक सशक्त बनेंगी।
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