ईंधन संकट के बीच छत्तीसगढ़ में ‘वर्क फ्रॉम होम’ की मांग तेज

Posted On:- 2026-05-15




रायपुर (वीएनएस)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ईंधन बचत और अनावश्यक आवागमन कम करने की अपील का असर अब राज्यों में दिखाई देने लगा है। कई राज्यों में मंत्रियों और जनप्रतिनिधियों ने अपने काफिलों में वाहनों की संख्या घटाने का फैसला लिया है। छत्तीसगढ़ में भी कई मंत्रियों ने अपने सरकारी काफिलों को सीमित करने की पहल की है।

इसी बीच छत्तीसगढ़ कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और मुख्य सचिव को पत्र लिखकर सरकारी कर्मचारियों के लिए “वर्क फ्रॉम होम” व्यवस्था लागू करने की मांग की है। फेडरेशन ने अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों और पेट्रोल-डीजल की संभावित कमी व बढ़ती कीमतों का हवाला देते हुए कहा है कि ऊर्जा संरक्षण अब समय की जरूरत बन चुका है।

फेडरेशन ने अपने पत्र में लिखा है कि केंद्र सरकार की ऊर्जा बचत संबंधी अपील राष्ट्रहित में है और छत्तीसगढ़ में भी इसे गंभीरता से लागू किया जाना चाहिए। संगठन ने कहा कि राज्य में ई-ऑफिस और पेपरलेस कार्यप्रणाली पहले से लागू है, जिससे अधिकांश प्रशासनिक कार्य ऑनलाइन संचालित किए जा सकते हैं। ऐसे में मंत्रालय और अन्य शासकीय कार्यालयों में आवश्यकतानुसार वर्क फ्रॉम होम व्यवस्था लागू करना व्यवहारिक कदम होगा।

फेडरेशन का कहना है कि नया रायपुर स्थित मंत्रालय और सरकारी कार्यालयों में प्रतिदिन बड़ी संख्या में अधिकारी-कर्मचारी निजी और सरकारी वाहनों से आवागमन करते हैं। यदि सप्ताह में कुछ दिन घर से काम की व्यवस्था लागू की जाती है, तो बड़ी मात्रा में ईंधन की बचत के साथ ट्रैफिक दबाव और प्रदूषण भी कम किया जा सकता है।

गौरतलब है कि एक दिन पहले ही रेखा गुप्ता सरकार ने दिल्ली में सरकारी कर्मचारियों के लिए सप्ताह में दो दिन वर्क फ्रॉम होम की व्यवस्था लागू करने का आदेश जारी किया है। इसके बाद अब छत्तीसगढ़ में भी ऐसी व्यवस्था लागू करने की मांग जोर पकड़ने लगी है।



Related News
thumb

राष्ट्रीय पटल पर जिला चिकित्सालय को मिला राष्ट्रीय गुणवत्ता प्रमाणन

जिले के लिए गौरव का विषय है कि जिला चिकित्सालय दंतेवाड़ा को भारत सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा नेशनल क्वालिटी एश्योरेंस स्टै...


thumb

सुशासन तिहार में संजिता के आधार कार्ड अपडेशन के साथ दूर हुई भटकने क...

छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में चल रहा ‘सुशासन तिहार’ ग्रामीण विकास और डिजिटल सशक्तिकरण का एक बड़ा माध्यम बनकर उभरा है। जन सम...


thumb

सुशासन तिहार : जनसमस्याओं के त्वरित निराकरण, अविनाश लकड़ा को मिली ‘क...

राज्य शासन के मंशानुरूप आम जनता की समस्याओं के निराकरण के लिए आयोजित किए जा रहे ‘सुशासन तिहार’ ग्रामीणों की समस्या के समाधान का सशक्त माध्यम बन ह...


thumb

सुशासन तिहार ने दूर की लोहर साय की चिंता 2017 से लंबित वन अधिकार पट...

राज्य शासन की ओर से जन-समस्याओं के त्वरित निराकरण के लिए चलाए जा रहे सुशासन तिहार अभियान के तहत सुदूर अंचलों के ग्रामीणों के चेहरे पर खुशियां लौटने...


thumb

जिला जेल बालोद में हुआ विधिक सहायता हेल्प डेस्क का शुभारंभ

राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण नई दिल्ली के द्वारा जारी दिशा निर्देशानुसार जिला जेल बालोद में बंदियों के परिजनों को विधिक जानकारी एवं प्रक्रियात्मक...


thumb

अफवाहों पर न दें ध्यान, जिले में पेट्रोल-डीजल व एलपीजी की पर्याप्त ...

जिले में पेट्रोल पंपों पर इन दिनों बढ़ती भीड़ एवं कुछ असामाजिक तत्वों द्वारा ईंधन एवं घरेलू गैस की कमी संबंधी अफवाह फैलाए जाने की स्थिति को गंभीरता...